राष्ट्रपति की मंजूरी के बाद सख्त हुआ एंटी पेपर लीक कानून, अब 3 महीने में होगा फैसला

राष्ट्रपति की मंजूरी के बाद सख्त हुआ एंटी पेपर लीक कानून

राष्ट्रपति की मंजूरी के बाद सख्त हुआ एंटी पेपर लीक कानून, अब 3 महीने में होगा फैसला
नई दिल्ली: देश में लगातार सामने आ रहे पेपर लीक मामलों पर लगाम लगाने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। सार्वजनिक परीक्षाओं में गड़बड़ी रोकने से जुड़े संशोधित कानून को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की मंजूरी मिल गई है। इसके साथ ही नया कानून लागू होने का रास्ता साफ हो गया है। सरकार का कहना है कि इस कानून का उद्देश्य परीक्षा माफियाओं पर तेजी से कार्रवाई करना और ईमानदार छात्रों का भविष्य सुरक्षित करना है।

तीन महीने में मुकदमे का निपटारा
संशोधित कानून के तहत राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में विशेष फास्ट ट्रैक कोर्ट गठित किए जा सकेंगे। इन अदालतों में आरोपपत्र दाखिल होने के बाद मामलों की सुनवाई रोजाना के आधार पर होगी और लक्ष्य तीन महीने के भीतर फैसला सुनाने का है। वहीं जांच एजेंसियों को भी दो महीने के अंदर जांच पूरी करनी होगी।

सजा और जुर्माना दोनों हुए अधिक सख्त
नए प्रावधानों के अनुसार पेपर लीक और संगठित परीक्षा घोटालों में शामिल लोगों के खिलाफ पहले से कहीं कड़ी कार्रवाई होगी। दोषी पाए जाने पर 10 साल तक की जेल और भारी आर्थिक जुर्माने का प्रावधान किया गया है। संगठित गिरोहों और परीक्षा में धांधली कराने वाले नेटवर्क पर भी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

सरकार का दावा- छात्रों के भविष्य की सुरक्षा
सरकार का कहना है कि यह कानून सार्वजनिक परीक्षाओं की पारदर्शिता और विश्वसनीयता बढ़ाने के लिए लाया गया है। हाल के वर्षों में कई बड़ी प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक के आरोपों के बाद छात्रों और अभिभावकों में चिंता बढ़ी थी। नए कानून के जरिए ऐसे मामलों में त्वरित जांच और जल्द न्याय सुनिश्चित करने का प्रयास किया गया है।

क्या बदलेगा?
पेपर लीक मामलों की जांच दो महीने में पूरी करने का लक्ष्य।
फास्ट ट्रैक कोर्ट में तीन महीने के भीतर सुनवाई पूरी करने की व्यवस्था।
दोषियों के लिए 10 साल तक की सजा और भारी जुर्माने का प्रावधान।
संगठित पेपर लीक नेटवर्क और परीक्षा माफियाओं पर विशेष कार्रवाई।
सार्वजनिक परीक्षाओं की पारदर्शिता और विश्वसनीयता बढ़ाने पर जोर।

Read More : https://nationagenda.com/shivangi-joshi-reveals-a-traumatic-childhood-experience-gets-emotional-while-recounting-her-ordeal-on-lock-upp-2/

Written By : Naina Gupta

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *