अखिलेश यादव इस समय रायबरेली से PDA रथयात्रा पर निकले है। उत्तर प्रदेश के रायबरेली में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के पहुंचने से पहले एक पोस्टर ने राजनीतिक चर्चा बढ़ा दी। इस पोस्टर में अखिलेश यादव को भगवान श्रीकृष्ण के रूप में दिखाया गया है। वहीं, पोस्टर लगवाने वाले सपा नेता विश्वास दुबे ने खुद को सुदामा के रूप में पेश किया है। पोस्टर सामने आने के बाद इसकी तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो गई।
यह पोस्टर अखिलेश यादव की PDA रथ यात्रा के मद्देनजर रायबरेली में लगाया गया था। पोस्टर में अखिलेश यादव के सिर पर मोरपंख वाला मुकुट दिखाया गया है। इसके साथ ही उन्हें पीले वस्त्र और हाथ में बांसुरी के साथ भगवान कृष्ण के स्वरूप में दिखाया गया है। पोस्टर पर अखिलेश यादव को ‘PDA महानायक’ भी बताया गया है।
अखिलेश के पोस्टर पर लिखा- ‘मेरे माधव, आपका सुदामा की धरती पर स्वागत’
अखिलेश के पोस्टर में सपा युवजन सभा के प्रदेश सचिव एडवोकेट विश्वास दुबे खुद को सुदामा के रूप में दिखा रहे हैं। इसमें अखिलेश यादव को ‘माधव’ बताते हुए लिखा गया है, ‘मेरे माधव, आपका सुदामा की धरती रायबरेली में स्वागत है।’ इस तरह पोस्टर के जरिए अखिलेश यादव और विश्वास दुबे के बीच संबंध को कृष्ण-सुदामा की मित्रता के प्रतीक के तौर पर पेश किया गया है। पोस्टर सामने आने के बाद स्थानीय स्तर पर इसकी चर्चा शुरू हो गई।
सपा विधायक राहुल लोधी ने किया पोस्टर का बचाव
पोस्टर को लेकर सवाल उठने के बाद हरचंदपुर से सपा विधायक राहुल लोधी ने इसका बचाव किया। उन्होंने कृष्ण और सुदामा की मित्रता का हवाला देते हुए कहा कि दोनों द्वापर युग में भगवान कृष्ण के साथी थे। राहुल लोधी ने इस दौरान बीजेपी पर भी राजनीतिक टिप्पणी की। उन्होंने बीजेपी पर समाज को जाति के आधार पर बांटने का आरोप लगाया। हालांकि, ये उनके राजनीतिक आरोप हैं।
PDA रथ से रायबरेली पहुंचे अखिलेश यादव
दरअसल, यह पोस्टर उस समय लगाया गया जब अखिलेश यादव गुरुवार को PDA रथ के जरिए रायबरेली पहुंचने वाले थे। रायबरेली पहुंचने के बाद अखिलेश यादव हरचंदपुर विधायक राहुल लोधी के घर भी गए और वहां चाय पर मुलाकात की। इसके बाद अखिलेश यादव ने पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों से संपर्क किया। समाजवादी पार्टी की ओर से इस यात्रा को लेकर खास PDA रथ तैयार किया गया है। रथ पर डॉ. भीमराव आंबेडकर, राम मनोहर लोहिया, जनेश्वर मिश्र, मुलायम सिंह यादव और बेनी प्रसाद वर्मा जैसे नेताओं की तस्वीरें भी लगाई गई हैं।

इससे पहले हनुमान वाले पोस्टर ने भी खींचा था ध्यान
रायबरेली में अखिलेश यादव के दौरे से पहले एक अन्य पोस्टर भी चर्चा में आया था। इसमें अखिलेश यादव की तस्वीर के ऊपर भगवान हनुमान को आशीर्वाद की मुद्रा में दिखाया गया था। पोस्टर पर ‘विजयी भव 2027’ लिखा गया था। इसके बाद कृष्ण और सुदामा वाला पोस्टर सामने आने से अखिलेश यादव के स्वागत में लगाए गए पोस्टर स्थानीय राजनीतिक चर्चा का हिस्सा बन गए।
2027 के चुनाव से पहले PDA पर जोर
अखिलेश यादव की PDA रथ यात्रा ऐसे समय शुरू हुई है, जब उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियां राजनीतिक दलों की गतिविधियों में दिखाई देने लगी हैं। समाजवादी पार्टी का PDA सामाजिक समीकरण पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यक वर्गों को जोड़ने पर केंद्रित है। रायबरेली में लगाए गए पोस्टर भी इसी राजनीतिक माहौल के बीच चर्चा में आए हैं। हालांकि, कृष्ण के रूप में अखिलेश यादव को दिखाना पोस्टर लगवाने वाले सपा नेता का प्रतीकात्मक प्रस्तुतीकरण है। इसे पार्टी की ओर से आधिकारिक धार्मिक उपमा या घोषणा के तौर पर नहीं बताया गया है।
पोस्टर की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल
अखिलेश यादव को भगवान कृष्ण के रूप में दिखाने वाली तस्वीर सोशल मीडिया पर तेजी से शेयर की गई। पोस्टर में धार्मिक प्रतीकों के साथ राजनीतिक संदेश जोड़ा गया है। यही वजह है कि अखिलेश यादव की रायबरेली यात्रा से पहले यह पोस्टर भी चर्चा का विषय बन गया। फिलहाल, रायबरेली में अखिलेश यादव की PDA रथ यात्रा और उससे जुड़े कार्यक्रमों पर सपा कार्यकर्ताओं की नजर है। पोस्टर के जरिए किया गया स्वागत आने वाले दिनों में राजनीतिक चर्चाओं में बना रह सकता है।
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Written by Ambar Pandey

